मुंबई, 27 नवम्बर, 2025 (कृषि भूमि डेस्क): हाल ही में, मत्स्यपालन, पशुपालन और डेयरी मंत्रालय ने राष्ट्रीय दुग्ध दिवस (26 नवंबर) के अवसर पर बुनियादी पशुपालन सांख्यिकी 2025 (BAHS-2025) रिपोर्ट जारी की है। यह रिपोर्ट बताती है कि कृषि वर्ष 2024-25 के दौरान भारत में दूध, अंडा, मांस और ऊन जैसे प्रमुख पशुधन उत्पादों (Major Livestock Products – MLPs) के उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है। पशुधन क्षेत्र की यह प्रगति न केवल किसानों की आय बढ़ा रही है, बल्कि देश की पोषण सुरक्षा (Nutritional Security) को भी सुनिश्चित कर रही है।

दूध उत्पादन: भारत का वैश्विक नेतृत्व बरकरार

BAHS-2025 के अनुसार, भारत ने एक बार फिर दुनिया का सबसे बड़ा दूध उत्पादक होने का अपना स्थान बरकरार रखा है।

  • कुल उत्पादन: वर्ष 2024-25 के दौरान देश में कुल दूध उत्पादन 247.87 मिलियन टन (MT) रहने का अनुमान है।

  • वृद्धि दर: यह उत्पादन पिछले वर्ष (2023-24) के 239.30 मिलियन टन की तुलना में 3.58% अधिक है।

  • प्रति व्यक्ति उपलब्धता: प्रति व्यक्ति दूध की उपलब्धता भी बढ़कर 485 ग्राम प्रतिदिन हो गई है, जो 2014-15 के 319 ग्राम प्रतिदिन से काफी अधिक है।

  • शीर्ष उत्पादक राज्य: कुल दूध उत्पादन में सबसे बड़ा योगदान उत्तर प्रदेश (15.66%) का है, इसके बाद राजस्थान (14.82%) और मध्य प्रदेश (9.12%) का स्थान है।

अंडा और मांस उत्पादन: भारत की बढ़ती हिस्सेदारी

अंडा और मांस उत्पादन के मामले में भी भारत ने वैश्विक स्तर पर अपनी स्थिति को और मजबूत किया है:

  • अंडा उत्पादन: कुल अंडा उत्पादन 149.11 बिलियन रहने का अनुमान है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 4.44% की वृद्धि दर्शाता है। वैश्विक स्तर पर, भारत चीन के बाद दूसरे सबसे बड़े अंडा उत्पादक देश के रूप में कायम है। प्रति व्यक्ति अंडों की उपलब्धता बढ़कर 106 अंडा प्रतिवर्ष हो गई है।

  • मांस उत्पादन: वर्ष 2024-25 में कुल मांस उत्पादन 10.50 मिलियन टन रहने का अनुमान है। यह पिछले वर्ष की तुलना में 2.46% की वृद्धि है। भारत विश्व स्तर पर मांस उत्पादन में चौथे स्थान पर है। शीर्ष उत्पादक राज्यों में पश्चिम बंगाल (12.46%) और उत्तर प्रदेश (12.20%) शामिल हैं।

ऊन उत्पादन में सुधार

  • कुल उत्पादन: वर्ष 2024-25 के दौरान देश में कुल ऊन उत्पादन 34.57 मिलियन किलोग्राम अनुमानित है।

  • वृद्धि दर: यह पिछले वर्ष के मुकाबले 2.63% की उल्लेखनीय वृद्धि दर्शाता है।

  • शीर्ष उत्पादक राज्य: ऊन उत्पादन में सबसे बड़ा योगदान राजस्थान (47.85%) का है, इसके बाद जम्मू और कश्मीर (22.88%) का स्थान है।

पशुधन क्षेत्र का व्यापक प्रभाव

पशुधन क्षेत्र ने भारतीय कृषि की सकल मूल्यवर्द्धित (GVA) में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। सरकार इस क्षेत्र को और मजबूत करने के लिए पशुधन स्वास्थ्य और नस्ल सुधार जैसी कई पहलें कर रही है। BAHS-2025 के ये आंकड़े देश के लाखों पशुपालकों और किसानों की बढ़ती समृद्धि को दर्शाते हैं, जो भारत को वैश्विक पशुधन बाज़ार में एक प्रमुख शक्ति के रूप में स्थापित करने में सहायक हैं।

===

हमारे लेटेस्ट अपडेट्स और खास जानकारियों के लिए अभी जुड़ें — बस इस लिंक पर क्लिक करें:
https://whatsapp.com/channel/0029Vb0T9JQ29759LPXk1C45

शेयर :

Facebook
Twitter
LinkedIn
WhatsApp

संबंधित श्रेणी न्यूज़

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

हमारे न्यूज़लेटर की सदस्यता लें

ताज़ा न्यूज़

विज्ञापन

विशेष न्यूज़

Stay with us!

Subscribe to our newsletter and get notification to stay update.

राज्यों की सूची