भारत की पहली डिजिटल जनगणना 2027 की शुरुआत 1 अप्रैल 2026 से हो गई है। इस बार 33 सवालों के जरिए नागरिकों से विस्तृत जानकारी जुटाई जाएगी, जिसमें पहली बार जातिगत डेटा भी शामिल होगा। मोबाइल ऐप, सेल्फ-एन्यूमरेशन और रियल-टाइम मॉनिटरिंग जैसी सुविधाएं इस जनगणना को खास बनाती हैं।