अमेरिकी सीनेट ने भारी बहुमत से ऐसा विधेयक पारित किया है, जिसके तहत रूस से कच्चा तेल खरीद जारी रखने वाले देशों पर 100% तक अतिरिक्त टैरिफ लगाया जा सकता है। भारत इस कानून से प्रभावित होने वाले प्रमुख देशों में शामिल है, हालांकि अंतिम फैसला अभी अमेरिकी प्रतिनिधि सभा और राष्ट्रपति की मंजूरी पर निर्भर करेगा।